Jaay Re Vairagi
जाय रे वैरागी, बनवा वीतरागी, चंदना नी राहे चाले रे... जाय रे वैरागी, वीरपंथ अनुरागी, चंदना नी राहे चाले रे...
भींजाया छे हैया, हरखाया तुज नैना, केवी खुमारी, ममता ने मारी, थई धवल वेषधारी रे...
तारा हस्ते रजोहरण केवो सोहे, काटारी केडी ताहरु मनडु मोहे, कष्टों सामे जई कर्मों थी लडशे, समता साडी पेहरी संयममा भळशे जोवा मारे हवे मुगतिना शमणा, जाय रे वैरागी...
ते तो हैये करुणाना प्याला भर्या, सर्व जीवोथी मैत्रीना कॉल कर्या, चाली जय राज मार्गे चाली जयानंदी बने, वीरवनिता थई महाव्रतधारी बने, तारा सत्वने होजो लाखो वंदना, जाय रे वैरागी...
साधना समता ने सिद्धिनुं राज पाने,
मोह जयकरी तु परमनानंद पामे, मणि कृपा पामी साची श्रमणी बने, सोऽहं चरणे रमे गोयम ने तुं भजे, शीवपंथे पुनित थया तारा पगला, जाय रे वैरागी....
Lyrics: Niyush Mehta